जिलाधिकारी जी.एम. गंगाधरस्वामी ने जारी की एडवाइजरी
दोपहर 12 से 3 बजे तक अनावश्यक बाहर निकलने से बचने की अपील
दावणगेरे. जिले में तापमान लगातार बढ़ रहा है और आने वाले दिनों में लू की तीव्रता बढऩे की संभावना है। इसे देखते हुए जिला प्रशासन और जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने नागरिकों से स्वास्थ्य सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
जिलाधिकारी एवं प्राधिकरण के अध्यक्ष जी.एम. गंगाधरस्वामी ने बताया कि सतर्कता बरतना आवश्यक है।
फरवरी के अंतिम सप्ताह में जिले में अधिकतम तापमान 33 से 36 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया। 25 फरवरी को अधिकतम तापमान 35.5 डिग्री, 26 को 34.4 डिग्री, 27 को अधिकतम 33 और न्यूनतम 19 डिग्री दर्ज हुआ। शनिवार को अधिकतम 33.9 तथा न्यूनतम 20.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। फरवरी माह में औसत तापमान 25 डिग्री के आसपास रहा, लेकिन अब इसमें और वृद्धि देखी जा रही है।
प्रशासन ने नागरिकों को अधिक पानी पीने, भले ही प्यास न लगे, नियमित रूप से ओआरएस, म_ा, नींबू पानी या नारियल पानी लेने की सलाह दी है। हल्के रंग के सूती वस्त्र पहनने, बाहर निकलते समय छाता, टोपी या चश्मे का उपयोग करने और दोपहर 12 से 3 बजे के बीच अनावश्यक बाहर न निकलने को कहा गया है। बच्चों को उबला और ठंडा किया गया पानी तथा ताजा भोजन देने और उन्हें दोपहर की तेज धूप से दूर रखने की हिदायत दी गई है।
कठोर शारीरिक श्रम से बचने, काम के दौरान छाया में विश्राम लेने तथा घरों को ठंडा रखने के लिए खिड़कियों पर पर्दे लगाने की सलाह दी गई है। वाहनों में बच्चों या पालतू जानवरों को अकेला न छोडऩे को भी कहा गया है। अधिक शराब, चाय, कॉफी और कार्बोनेटेड पेय पदार्थों से बचने की चेतावनी दी गई है, क्योंकि ये शरीर में पानी की कमी बढ़ाते हैं।
हीट स्ट्रोक के लक्षणों में शरीर का तापमान 40 डिग्री से अधिक होना, चक्कर आना, उल्टी, तेज सिरदर्द या बेहोशी शामिल हैं। ऐसे में प्रभावित व्यक्ति को तुरंत ठंडी जगह पर ले जाकर शरीर पर ठंडा पानी डालें या स्पंज से पोंछें और तुरंत 108 या 104 हेल्पलाइन पर संपर्क कर अस्पताल पहुंचाएं।
प्रशासन ने स्कूल-कॉलेजों के समय में बदलाव और श्रमिकों को दोपहर में अनिवार्य विश्राम देने के निर्देश भी संबंधित विभागों को जारी किए हैं।

