दावणगेरे दक्षिण उपचुनाव: 38 उम्मीदवार मैदान मेंसांदर्भिक फोटो।

23 मुस्लिम प्रत्याशी

शामनूर परिवार को चुनौती

नामांकन के अंतिम दिन 45 पर्चे दाखिल

बागी उम्मीदवारों की एंट्री से मुकाबला रोचक

वोट बंटने के आसार

दावणगेरे. दावणगेरे दक्षिण विधानसभा क्षेत्र में उपचुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया समाप्त होने के साथ ही मुकाबला बेहद दिलचस्प हो गया है। सोमवार को अंतिम दिन तक कुल 38 उम्मीदवारों ने 45 नामांकन पत्र दाखिल किए हैं। इनमें 23 उम्मीदवार मुस्लिम समुदाय से हैं, जिसे राजनीतिक तौर पर महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, इतनी बड़ी संख्या में अल्पसंख्यक उम्मीदवारों का मैदान में उतरना कांग्रेस के पारंपरिक वोट बैंक में विभाजन का संकेत माना जा रहा है। इसे शामनूर परिवार के खिलाफ एक प्रकार की चुनौती के तौर पर देखा जा रहा है, खासकर तब जब कुछ उम्मीदवारों के बारे में माना जा रहा है कि उन्हें टिकट नहीं मिलने के कारण वे बागी के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं।

मुख्य उम्मीदवारों में कांग्रेस से समर्थ शामनूर (चार नामांकन), भाजपा से श्रीनिवास टी. दासकरियप्पा और यशवंतराव जाधव, तथा कांग्रेस के बागी उम्मीदवार के तौर पर निर्दलीय सादिक पहलवान (तीन नामांकन) प्रमुख हैं।

इसके अलावा आम आदमी पार्टी, एसडीपीआई, जनहित पार्टी, नवभारत सेना सहित कई छोटे दलों के प्रत्याशी भी मैदान में हैं। वहीं 21 उम्मीदवार निर्दलीय के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं, जिससे मुकाबला और अधिक बहुकोणीय हो गया है।

विशेषज्ञों का मानना है कि क्षेत्र में अल्पसंख्यक मतदाताओं की संख्या अधिक होने के कारण इतने उम्मीदवारों के बीच वोटों का बंटवारा तय माना जा रहा है। इसका सीधा असर चुनाव परिणाम पर पड़ सकता है और कांग्रेस को नुकसान होने की संभावना जताई जा रही है।

कुल मिलाकर दावणगेरे दक्षिण का उपचुनाव इस बार त्रिकोणीय नहीं बल्कि बहुकोणीय मुकाबले में बदल गया है, जहां हर वोट की अहमियत और भी बढ़ गई है।

 

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By Bharat Ki Awaz

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