विदेशों में भी नर्सिंग सेवाओं की बढ़ती मांग को देखते हुए राज्य सरकार का विस्तार योजना पर जोर
यादगीर. चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. शरणप्रकाश पाटील ने कहा कि भारत सहित विदेशों में नर्सिंग सेवाओं की भारी मांग है। इसी को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार सरकारी मेडिकल कॉलेजों के अंतर्गत नर्सिंग कॉलेज स्थापित करने की दिशा में कदम उठा रही है।
वे शहर के चिकित्सा विज्ञान संस्थान परिसर में वर्ष 2025-26 के कल्याण कर्नाटक क्षेत्र विकास बोर्ड अनुदान के तहत 9.86 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाले नए नर्सिंग कॉलेज भवन का शिलान्यास कर बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि जहां-जहां सरकारी मेडिकल कॉलेज हैं, वहां नर्सिंग कॉलेज स्थापित करने की योजना है। जेवर्गी और सेडम में भी इसकी शुरुआत की जा चुकी है और अब यादगीर में निर्माण कार्य प्रारंभ किया गया है।
मंत्री ने कहा कि वर्ष 2013 में चिकित्सा शिक्षा मंत्री रहते हुए प्रत्येक जिले में सरकारी मेडिकल कॉलेज स्थापित करने का निर्णय लिया गया था, जिससे ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के छात्रों को चिकित्सा शिक्षा में अवसर मिले। राज्य में अब तक 22 मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जा चुके हैं, जबकि बागलकोट और रामनगर में भी नए कॉलेज शुरू करने की प्रक्रिया जारी है।
उन्होंने नर्सिंग छात्रों को जर्मनी, जापान, इटली और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में अवसरों का उल्लेख करते हुए विदेशी भाषाओं और अंग्रेजी पर दक्षता विकसित करने की सलाह दी। कुछ मेडिकल कॉलेजों में भाषा प्रयोगशालाएं (लैंग्वेज लैब) स्थापित की जा रही हैं, ताकि छात्रों को बेहतर प्रशिक्षण मिल सके।
मंत्री ने कहा कि अगले पांच वर्षों में प्रत्येक जिले में सुपर स्पेशियलिटी, ट्रॉमा सेंटर और कैंसर अस्पताल स्थापित करने की योजना है। कलबुर्गी, मैसूरु, बेलगावी, कोप्पल, बल्लारी, हुब्बल्ली, शिवमोग्गा और चिक्कमगलूरु में सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल स्थापित किए जा चुके हैं, जबकि अन्य स्थानों पर कार्य प्रगति पर है।

