मुख्यमंत्री सिध्दरामय्या ने किया स्पष्ट
बेलगावी. मुख्यमंत्री सिध्दरामय्या कहा कि प्राकृतिक आपदा राहत निधि (एन.डी.आर.एफ) का उपयोग गारंटी योजनाओं में नहीं किया गया है। इस मामले में विपक्ष बिना वजह के आरोप लगा रहा है।
शहर के सांब्रा हवाईअड्डे पर शनिवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि गारंटी योजनाएं सफल रही हैं, इसलिए भाजपा के नेताओं को असहजता हो रही है। प्रधानमंत्री मोदी समेत पूरी भाजपा यह कहती थी कि इन योजनाओं का कार्यान्वयन असंभव है, अब वही भाजपा सरकारें हमारी योजनाओं की नकल कर रही हैं।
बेलगावी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल
चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. शरणप्रकाश पाटील ने कहा कि बेलगावी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल का संचालन निजी संस्थाओं को नहीं सौंपा गया। केएलई संस्था के डॉक्टर मुफ्त सेवाएं प्रदान करेंगे। भर्ती प्रक्रिया जारी है और 11 डॉक्टरों की नियुक्ति की जा चुकी है। बकाया पदों की भर्ती तक केएलई संस्था मुफ्त सेवाएं प्रदान जारी रखेगी।
हर जिले में सरकारी मेडिकल कॉलेज, मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल
बेलगावी में विभिन्न विकास कार्यों का शिलान्यास करने के बाद आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सिध्दरामय्या ने राज्य के स्वास्थ्य क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव लाने की घोषणा करते हुए कहा कि प्रत्येक जिले में एक सरकारी मेडिकल कॉलेज और एक मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल बनाना मेरा लक्ष्य है। यह योजना गरीब और मध्य वर्ग के लोगों को उच्च गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बनाई गई है।
उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पतालों में आने वाले अधिकतर मरीज आर्थिक रूप से कमजोर या मध्य वर्ग के होते हैं। इसलिए उन्हें निजी अस्पतालों जैसी सुविधाएं मिलनी चाहिए। उन्होंने सरकारी मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल में प्रभाकर कोरे मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल के डॉक्टरों की ओर से दी जा रही मुफ्त सेवाओं की सराहना की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनका शासन बुद्ध, बसव, गांधी और अंबेडकर के आदर्शों के अनुसार चल रहा है। असमानताओं को दूर कर समाज के निचले तबके तक विकास की सुविधा पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है।
सिध्दरामय्या ने ‘भाग्य’ और ‘गारंटी’ जैसी योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि इन योजनाओं ने राज्य के लोगों की क्रय शक्ति बढ़ाई और महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाया। आर्थिक सशक्तिकरण से जातिवाद और असमानता को कम करना संभव है।
मुख्यमंत्री ने हाल ही में राज्य में हुई भारी बारिश और 10 लाख हेक्टेयर से अधिक फसल नुकसान के मद्देनजर किसानों को प्रमाणित मुआवजा देने की जानकारी भी साझा की।
कार्यक्रम में मंत्री डॉ. शरणप्रकाश पाटील, सतीश जारकीहोली, लक्ष्मी हेब्बालकर समेत जिले के विधायक, जनप्रतिनिधि, अधिकारी उपस्थित थे।

