उत्तर कन्नड़ में 15 दिनों में 2000 रुपए प्रति क्विंटल गिरावट
निर्यात बाधित होने से किसान परेशान
सिरसी. मध्य-पूर्व देशों के बीच जारी युद्ध का असर अब कृषि बाजार पर भी साफ दिखाई देने लगा है। उत्तर कन्नड़ जिले में प्रमुख नगदी फसल नारियल के दाम पिछले 15 दिनों से लगातार गिरावट के दौर में हैं, जिससे किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
किसानों के अनुसार, बीते दो सप्ताह में नारियल की कीमतों में प्रति क्विंटल करीब 2000 रुपए तक की गिरावट दर्ज की गई है। जहां पहले किसानों को 6500 रुपए से 7000 रुपए प्रति क्विंटल तक दाम मिल रहे थे, वहीं अब यह घटकर 5000 रुपए से भी नीचे आ गया है। न्यूनतम कीमत 4500 रुपए प्रति क्विंटल दर्ज की गई है।
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि इस गिरावट के पीछे मुख्य कारण मध्य-पूर्व में चल रहा युद्ध है, जिससे नारियल उत्पादों के निर्यात पर असर पड़ा है। निर्यात में बाधा आने से व्यापारी खरीदारी से पीछे हट रहे हैं, जिसका सीधा असर कीमतों पर पड़ा है।
पहले ही बंदरों के हमले से फसल नुकसान झेल रहे किसानों के लिए यह गिरावट दोहरी मार साबित हो रही है। पिछले एक वर्ष से अच्छे दाम मिलने के बाद अब अचानक आई गिरावट ने किसानों में निराशा पैदा कर दी है।
सिरसी के कदंबा मार्केटिंग सहकारी संस्था के विश्वेश्वर भट्ट कोटेमने के अनुसार, बाजार में उतार-चढ़ाव सामान्य है, लेकिन इस बार गिरावट का प्रमुख कारण युद्ध के चलते निर्यात पर पड़ा असर है।
किसानों ने सरकार से बाजार स्थिर करने और निर्यात को सुचारू बनाने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।

