चिंचोली को मिलेगा पर्यटन सर्किट का दर्जाचंद्रमपल्ली में शनिवार को जलाशय में बोटिंग का आनंद लेते जिला प्रभारी मंत्री प्रियांग खरगे।

मंत्री प्रियांक खरगे ने दी जानकारी

डेढ़ वर्ष में 8-10 स्थलों का विकास

चंद्रमपल्ली जलाशय में बोटिंग व जंगल सफारी शुरू

कलबुर्गी. आईटी एवं जिला प्रभारी मंत्री प्रियांक खरगे ने कहा कि जिले के घने जंगलों, जलाशयों और प्राकृतिक झरनों के लिए प्रसिद्ध चिंचोली क्षेत्र को अगले डेढ़ वर्ष में मिनी पर्यटन सर्किट के रूप में विकसित किया जाएगा।

चंद्रमपल्ली में शनिवार को आयोजित कार्यक्रम में जंगल जीप सफारी और जलाशय में बोटिंग सेवा का शुभारंभ करने के बाद खरगे ने कहा कि चिंचोली क्षेत्र के चंद्रमपल्ली जलाशय, गोट्टनगोट्टा और एत्तिपोत्त जलप्रपात सहित आसपास के लगभग 8 से 10 पर्यटन स्थलों को एक ही सर्किट के रूप में विकसित करने की योजना बनाई गई है। इससे पर्यटकों को एक ही दिन के पैकेज में सभी प्रमुख स्थलों का भ्रमण करने का अवसर मिलेगा।

उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत कर्नाटक राज्य पर्यटन विकास निगम के माध्यम से पैकेज टूर की व्यवस्था भी लागू की जाएगी, ताकि राज्य और बाहर से आने वाले पर्यटकों को सुविधाजनक तरीके से पर्यटन स्थलों का अनुभव मिल सके।

पर्यटन विकास के लिए बागवानी विभाग की ओर से लगभग 6.50 करोड़ रुपए का विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार की गई है। इस परियोजना के अंतर्गत वन, कृषि और पर्यटन विभाग संयुक्त रूप से आवश्यक आधारभूत ढांचा विकसित करेंगे।

अधिकारियों के अनुसार चंद्रमपल्ली जलाशय में बोटिंग के लिए प्रति व्यक्ति 175 रुपए शुल्क निर्धारित किया गया है, जबकि जंगल जीप सफारी के लिए वयस्कों के लिए 450 रुपए और बच्चों के लिए 200 रुपए तय किए गए हैं।

मंत्री ने कहा कि पर्यटन गतिविधियों के विस्तार से क्षेत्र में स्थानीय होटल व्यवसाय, छोटे व्यापारियों और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे, जिससे क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

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By Bharat Ki Awaz

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