फ्लाईओवर निर्माण के लिए चल रहा ध्वस्तीकरण
सुरक्षा इंतजाम न होने से वाहन चालकों को खतरा
हुब्बल्ली. शहर में फ्लाईओवर निर्माण के लिए उपनगर पुलिस थाने की इमारत को हटाने का काम चल रहा है। ध्वस्तीकरण के दौरान इमारत का मलबा सडक़ के बीच तक फैल गया है, जिससे यातायात प्रभावित हो रहा है और वाहन चालकों को जान का खतरा महसूस हो रहा है।
करीब 60 फीट ऊंची और 70 फीट चौड़ी इस इमारत को हटाने का काम पिछले डेढ़ महीने से जारी है। धीमी प्रगति के कारण पहले के ठेकेदार का अनुबंध रद्द कर काम दूसरे ठेकेदार को दिया गया है। हालांकि अब काम की गति बढ़ी है, लेकिन आम जनता की सुरक्षा के लिए न तो जाल (नेट) लगाया गया है और न ही बैरिकेडिंग की गई है।
ध्वस्तीकरण के दौरान गिरने वाले पत्थर, मिट्टी और सीमेंट प्लास्टर सडक़ पर ही जमा हो रहे हैं। मलबे को दूसरी जगह ले जाने के बजाय वहीं ढेर कर दिया गया है, जिससे सडक़ का बड़ा हिस्सा घिर गया है। पहले मलबा सडक़ पर न आए इसके लिए सीमेंट की दीवारें लगाई गई थीं, लेकिन बाद में उन्हें भी हटा दिया गया।
सामाजिक कार्यकर्ता श्रीधर कंदगल ने कहा कि थाने के पास फ्लाईओवर के पिलर बनने से सडक़ पहले ही संकरी हो गई है। ऐसे में चिगरी बस और भारी वाहनों के गुजरने पर भारी ट्रैफिक जाम की स्थिति बन जाती है।
वहीं बाइक सवार फकीरेश बीरन्नवर ने बताया कि सडक़ खराब होने के कारण धूल न उडऩे के लिए टैंकर से पानी का छिडक़ाव किया जाता है। लेकिन यह पानी थाने के सामने निचले हिस्से में जमा हो जाता है और मलबे के पास गड्ढों में भर जाता है। इससे खासकर बाइक सवारों को दुर्घटना का खतरा बना रहता है।

