ईदगाह मैदान में गणेश विसर्जन कार्यक्रम में विहिप नेता के विवादित बयानविहिप नेता गोपाल नागरकट्टे।

‘लव जिहाद’ से लेकर मंदिर प्रबंधन तक के मुद्दे उठाए; सरकार पर भी साधा निशाना

हुब्बल्ली। हुब्बल्ली के ईदगाह मैदान में गणेश विसर्जन कार्यक्रम के दौरान विश्व हिंदू परिषद के राष्ट्रीय सचिव गोपाल नागरकट्टे के कुछ बयानों को लेकर विवाद खड़ा हो गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने ‘लव जिहाद’, मंदिरों के प्रबंधन और सरकार की नीतियों सहित विभिन्न मुद्दों पर टिप्पणी की।

नागरकट्टे ने ‘लव जिहाद’ का मुद्दा उठाते हुए मुस्लिम समुदाय के अभिभावकों से अपने बच्चों को समझाने की अपील की। उन्होंने राम और कृष्ण के संदर्भ देते हुए अंतरधार्मिक विवाहों को लेकर टिप्पणी की। उनके इस बयान पर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर प्रतिक्रिया की संभावना है।

सभी भारतीय, गणेशोत्सव में आएं

उन्होंने कहा कि देश के मुसलमानों को विदेशी बताने के बजाय उन्हें इसी देश का नागरिक मानना चाहिए। उन्होंने मुस्लिम समुदाय को गणेशोत्सव में शामिल होने का निमंत्रण देते हुए कहा कि नमाज अदा करने पर उन्हें कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन हिंदू धार्मिक भावनाओं के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

मंदिरों के प्रबंधन पर सवाल

नागरकट्टे ने देश के मंदिरों के प्रबंधन को लेकर सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि सभी मंदिरों का प्रबंधन हिंदू समाज को सौंपा जाना चाहिए। उन्होंने मस्जिदों और चर्चों के प्रबंधन को लेकर भी सरकार से सवाल किए।

उन्होंने कर्नाटक के गृह मंत्री प्रियांक खरगे पर आरएसएस को लेकर टिप्पणी की और कहा कि वंदे मातरम् गाने के लिए किसी की अनुमति की जरूरत नहीं है।

गौरतलब है कि हुब्बल्ली के ईदगाह मैदान में इस वर्ष गणेशोत्सव के आयोजन को हुब्बल्ली-धारवाड़ महानगर निगम ने शर्तों के साथ अनुमति दी थी। 16 सितंबर को गणेश विसर्जन कार्यक्रम निर्धारित था।

 

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By Bharat Ki Awaz

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