फर्जी महिला पीएसआइ का बड़ा फर्जीवाड़ानिवेदिता गौड़ा।

25 से ज्यादा लोगों से करोड़ों की ठगी

कैफे की आड़ में बिछाया जाल

खुद को बेंगलूरु के राजगोपालनगर थाने की पीएसआइ बताकर ऐंठे पैसे-गहने

प्रेमी को देती थी ठगी की रकम

चिक्कमगलूरु। खुद को पुलिस सब-इंस्पेक्टर (पीएसआइ) बताकर लोगों से करोड़ों रुपए और सोने के आभूषण ठगने के आरोप में चिक्कमगलूरु पुलिस ने एक महिला को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी की पहचान निवेदिता गौड़ा के तौर पर की गई है। वह खुद को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों को अपने जाल में फंसाती थी। पुलिस को अब तक 25 से अधिक लोगों के साथ ठगी किए जाने की जानकारी मिली है।

पुलिस के मुताबिक, मूल रूप से रामनगर जिले की रहने वाली निवेदिता चिक्कमगलूरु शहर में एक कैफे चलाती थी। कैफे में आने वाले युवाओं और महिलाओं से वह परिचय बढ़ाती और खुद को पुलिस अधिकारी बताकर भरोसा जीतती थी। वह लोगों से कहती थी कि वह बेंगलूरु के राजगोपालनगर थाने में पीएसआइ है और फिलहाल छुट्टी पर है।

पुलिस का कहना है कि निवेदिता ने पुलिस अधिकारी जैसी हेयर स्टाइल और वेशभूषा अपनाकर लोगों को विश्वास दिलाने की कोशिश की। परिचित लोगों से वह महंगी कारें भी इस्तेमाल के लिए लेती थी। आरोप है कि बाद में कुछ वाहनों को दूसरे लोगों को बेचकर भी उसने धोखाधड़ी की।

कई जिलों में लोगों से ठगी किए जाने की जानकारी सामने आने के बाद 20 से अधिक पीडि़तों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। इसके आधार पर चिक्कमगलूरु के बसवनहल्ली और नगर थाने में मामले दर्ज किए गए।

पूछताछ में निवेदिता ने कथित तौर पर पुलिस को बताया कि ठगी से हासिल रकम और सोना वह अपने प्रेमी देवू को देती थी। पुलिस को उसके मोबाइल फोन से अलग-अलग नामों वाले कथित फर्जी आधार कार्ड भी मिले हैं।

पुलिस ने निवेदिता को गिरफ्तार कर पूछताछ शुरू कर दी है। वहीं, पुलिस उसके कथित साथी देवू की तलाश में जुटी है। मामले में ठगी की कुल रकम और अन्य पीडि़तों की जानकारी जुटाई जा रही है।

 

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By Bharat Ki Awaz

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