रायचूर. लघु सिंचाई, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री एन.एस. बोसाराजू ने शनिवार को रायचूर शहर के बाहरी इलाके यरमरस क्षेत्र का दौरा किया और निर्माणाधीन रायचूर हवाई अड्डे के रनवे, उड़ान टर्मिनल और विद्युत सुरक्षा भवन के निर्माण स्थलों का निरीक्षण किया।
मंत्री ने कहा कि हवाई अड्डे के निर्माण के लिए सरकार की ओर से धन की कोई कमी नहीं है। जिला प्रशासन ने इस संबंध में विशेष ध्यान रखा है। स्टेशन परिसर का निर्माण कार्य लगभग 90 प्रतिशत पूरा हो चुका है। रनवे और एयर ट्रैफिक टावर का निर्माण भी प्रगति पर है। इसके अलावा, 5 एकड़ अतिरिक्त भूमि की पहचान कर प्रभावित परिवारों को घर बनाने के लिए सुविधाएं प्रदान की गई हैं।
मंत्री ने कहा कि रायचूर में वाईटीपीएस, आरटीपीएस, हट्टी गोल्ड माइनिंग, आईआईआईटी, कृषि विज्ञान विश्वविद्यालय, आदिकवि महर्षि वाल्मीकि विश्वविद्यालय, राघवेंद्र स्वामी मंदिर और कई निजी कंपनियां स्थित हैं। इसलिए रायचूर से अन्य शहरों तक हवाई संपर्क के लिए हवाई अड्डे की आवश्यकता है। दशहरा 2026 तक निर्माण कार्य पूरा करने की पूरी तैयारी की जा चुकी है।
इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त जुबिन मोहपात्र, ए.सी. गजानन बाले, लोक निर्माण विभाग के अभियंता और अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

