मेंगलूरु में पकड़े गए 8 बांग्लादेशी, जांच तेजमेंगलूरु में पकड़े गए 8 बांग्लादेशी, जांच तेज

निर्माण स्थल पर मजदूरी कर रहे थे

फर्जी आधार कार्ड के सहारे पहचान छिपाने का आरोप

15 दिन में निर्वासन की तैयारी

मेंगलूरु. दक्षिण कन्नड़ जिले के सुरत्कल क्षेत्र में अवैध रूप से रह रहे आठ बांग्लादेशी नागरिकों से पुलिस और केंद्रीय एजेंसियां लगातार पूछताछ कर रही हैं। सभी को मुक्का स्थित एक निजी अस्पताल में बनाए गए निरुद्ध केंद्र (डिटेंशन सेंटर) में रखा गया है। विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (एफआरआरओ) को रिपोर्ट भेज दी गई है और उन्हें 15 दिनों के भीतर निर्वासित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

निर्माणाधीन भवन में कर रहे थे काम

सुरत्कल पुलिस ने 9 जुलाई को मिली पुख्ता सूचना के आधार पर मुक्का स्थित एक निर्माणाधीन भवन से आठ लोगों को गिरफ्तार किया था। सभी बांग्लादेश के राजशाही जिले के निवासी बताए गए हैं और निर्माण मजदूर के रूप में कार्य कर रहे थे। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि उनके साथ आए अन्य लोग दक्षिण कन्नड़ या उडुपी जिले में कहीं और तो नहीं रह रहे हैं। मामले में खुफिया ब्यूरो (आईबी) और राज्य खुफिया विभाग भी जानकारी जुटा चुके हैं।

फर्जी आधार कार्ड से छिपाई पहचान

जांच में सामने आया कि आरोपियों के पास मौजूद आधार कार्ड फर्जी थे। बायोमेट्रिक सत्यापन के दौरान आधार डेटाबेस में दिखाई देने वाली तस्वीर और कार्ड पर लगी तस्वीर अलग-अलग मिली। पुलिस के अनुसार, पश्चिम बंगाल के किसी व्यक्ति के आधार कार्ड की रंगीन प्रति पर आरोपियों की तस्वीर चिपकाकर उसे लैमिनेट कर उपयोग किया जा रहा था। उनकी भाषा और पूछताछ से भी उनके बांग्लादेशी नागरिक होने की पुष्टि हुई।

एजेंटों के जरिए भारत में प्रवेश की आशंका

प्रारंभिक जांच के अनुसार, आरोपी बांग्लादेश के राजशाही जिले से सीमा पार कर पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद पहुंचे थे। वहां एजेंटों की मदद से फर्जी पहचान दस्तावेज तैयार कर विभिन्न राज्यों में भेजे गए। इस संबंध में सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) और पश्चिम बंगाल पुलिस को भी सूचना दे दी गई है।

निर्माण कंपनियों की भूमिका भी जांच के दायरे में

पुलिस निर्माण कंपनियों की भूमिका की भी जांच कर रही है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, दैनिक मजदूरी पर बिना पर्याप्त दस्तावेजों का सत्यापन किए श्रमिकों को काम पर रखा गया था। पुलिस ने संकेत दिया है कि निर्माण स्थलों, औद्योगिक इकाइयों और मत्स्य बंदरगाहों पर व्यापक सत्यापन अभियान चलाया जाएगा, ताकि अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों की पहचान की जा सके।

 

Breaking News सबसे पहले पाना चाहते हैं?

अभी हमारे WhatsApp Channel को join करें

हर खबर सबसे पहले

Join करें : https://whatsapp.com/channel/0029Vb7S2RA65yD9fZX4Og1Z

 

 

 

Spread the love

By Bharat Ki Awaz

मैं भारत की आवाज़ हिंदी न्यूज़ पोर्टल से जुड़ा हुआ हूँ, जहाँ मेरा उद्देश्य पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और ताज़ा ख़बरें पहुँचाना है। राजनीति, समाज, संस्कृति और स्थानीय मुद्दों पर गहरी रुचि रखते हुए मैं हमेशा कोशिश करता हूँ कि समाचार केवल सूचना न हों, बल्कि पाठकों को सोचने और समझने का अवसर भी दें। मेरी लेखनी का मक़सद है—जनता की आवाज़ को मंच देना और देश-समाज से जुड़े हर पहलू को ईमानदारी से प्रस्तुत करना। भारत की आवाज़ के माध्यम से मैं चाहता हूँ कि पाठक न केवल ख़बरें पढ़ें, बल्कि उनसे जुड़ाव महसूस करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *