बन्नेरघट्टा जैविक उद्यान को मिलेगा डिजिटल स्वरूपबन्नेरघट्टा जैविक उद्यान।

35.22 करोड़ रुपए की परियोजना को मंत्रिमंडल की मंजूरी संभव

बेंगलूरु. कर्नाटक सरकार बन्नेरघट्टा जैविक उद्यान को अत्याधुनिक डिजिटल सुविधाओं से विकसित करने की तैयारी में है। लगभग 35.22 करोड़ रुपए की लागत से “डिजिटल प्राणी उद्यान मार्गदर्शक” और इमर्सिव तकनीक आधारित परियोजना विकसित किए जाने की संभावना है। मुख्यमंत्री सिद्धरामय्या की अध्यक्षता में गुरुवार को होने वाली मंत्रिमंडल बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल सकती है।

सरकारी सूत्रों के अनुसार, चामराजेंद्र प्राणी उद्यान तथा बन्नेरघट्टा जैविक उद्यान में सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल के तहत इमर्सिव कक्ष और डिजिटल प्राणी उद्यान मार्गदर्शक परियोजनाएं विकसित की जाएंगी। चामराजेंद्र प्राणी उद्यान के लिए 44.62 करोड़ रुपए तथा बन्नेरघट्टा परियोजना के लिए 35.22 करोड़ रुपए का अनुमानित व्यय तय किया गया है।

144 करोड़ में बनेगा आधुनिक सार्वजनिक मत्स्यालय

सरकार बन्नेरघट्टा जैविक उद्यान में 144 करोड़ रुपए की लागत से आधुनिक सार्वजनिक मत्स्यालय विकसित करने की भी तैयारी कर रही है। यह परियोजना डिजाइन, निर्माण, वित्तपोषण, संचालन और हस्तांतरण मॉडल पर 30 वर्षों के लिए लागू की जाएगी।

मंत्रिमंडल में कई अहम प्रस्तावों पर चर्चा

मंत्रिमंडल बैठक में राज्य शिक्षा नीति आयोग की अंतिम रिपोर्ट को भी मंजूरी मिलने की संभावना है। इसके अलावा बसवसागर बांध से रायचूर स्वर्ण खदान टाउनशिप तक पेयजल आपूर्ति की 132.50 करोड़ रुपए की योजना पर भी निर्णय हो सकता है।

धारवाड़ क्षेत्रीय विज्ञान केंद्र में 22 करोड़ रुपए की लागत से डिजिटल तारामंडल स्थापित करने के प्रस्ताव पर भी संशोधित आदेश जारी होने की संभावना है।

इसके साथ ही जयदेव हृदय रोग अस्पताल को 400 से बढ़ाकर 600 बिस्तरों वाला अस्पताल बनाने के लिए 180 करोड़ रुपए की परियोजना तथा घाटी सुब्रमण्य मंदिर के समग्र विकास के लिए 23.76 करोड़ रुपए के प्रस्ताव पर भी चर्चा होगी।

 

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By Bharat Ki Awaz

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