उफान पर तुंगभद्रा, तुंगा आरती घाट जलमग्नउफान पर तुंगभद्रा, तुंगा आरती घाट जलमग्न

लगातार बारिश से नदी लबालब, श्रद्धालुओं के लिए अलर्ट

किसानों और पेयजल परियोजनाओं को राहत

दावणगेरे/हरिहर। मलनाड, चिक्कमगलूरु और भद्रावती क्षेत्र में पिछले चार दिनों से हो रही लगातार बारिश के बाद तुंगा जलाशय से 40,144 क्यूसेक पानी छोड़े जाने के कारण तुंगभद्रा नदी हरिहर में पूरे वेग से बह रही है। इस मानसून में पहली बार नदी के भराव पर पहुंचने से बड़ी संख्या में लोग जलराशि देखने नदी तट पर पहुंच रहे हैं।

घाट जलमग्न, श्रद्धालुओं के लिए सतर्कता

हरिहर तालुक के धार्मिक स्थल उक्कडगात्रि में तुंगभद्रा का जलस्तर बढऩे से स्नान घाट और नदी किनारे बने कुछ शेड पानी में डूब गए हैं। हरिहर स्थित तुंगा आरती मंडप की सीढिय़ां भी जलमग्न हो गई हैं। हालांकि नदी अभी खतरे के निशान से नीचे बह रही है और करिबसवेश्वर गद्दी मंदिर सहित आसपास की संपत्ति को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। प्रशासन और मंदिर ट्रस्ट ने सुरक्षा के मद्देनजर बैरिकेडिंग कर श्रद्धालुओं को नदी में उतरने से रोक दिया है।

किसानों को राहत, भद्रा बांध पर नजर

नदी में जलप्रवाह बढऩे से बहुग्रामीण पेयजल योजनाओं और दावणगेरे, हावेरी, विजयनगर, बल्लारी तथा गदग जिलों के जैकवेलों को पर्याप्त पानी मिलने लगा है। वहीं किसान भी फसलों की सिंचाई के लिए नदी के पानी का उपयोग शुरू कर रहे हैं। दूसरी ओर, तुंगा जलाशय लगभग भर चुका है, लेकिन भद्रा बांध का जलस्तर अपेक्षित गति से नहीं बढऩे से कमांड क्षेत्र के किसानों की चिंता बनी हुई है। विशेषज्ञों का मानना है कि मलनाड में वर्षा जारी रही तो आने वाले दिनों में भद्रा जलाशय में भी जलस्तर बढऩे की संभावना है।

 

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By Bharat Ki Awaz

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