भडक़ाऊ बयान मामले में सी.टी. रवि पर एफआइआरचिक्कमगलूरु स्थित आवास पर भडक़ाऊ बयान मामले में सी.टी. रवि पर एफआइआर नोटिस लेकर पहुंची पुलिस।

ऩोटिस को लेकर हंगामा

चिक्कमगलूरु स्थित आवास पर पहुंची पुलिस का भाजपा कार्यकर्ताओं ने किया विरोध

रवि बोले- किसी समुदाय का नहीं किया अपमान

चिक्कमगलूरु। भाजपा विधान परिषद सदस्य सी.टी. रवि के खिलाफ कथित आपत्तिजनक एवं अवमाननापूर्ण बयान के मामले में एफआइआर दर्ज होने के बाद रविवार को पुलिस उन्हें नोटिस देने के लिए चिक्कमगलूरु स्थित उनके आवास पहुंची। इस दौरान बड़ी संख्या में मौजूद भाजपा कार्यकर्ताओं ने पुलिस कार्रवाई का विरोध करते हुए नारेबाजी की।

पुलिस अधिकारियों से बातचीत में सी.टी. रवि ने कहा कि उनके भाषण में किसी भी समुदाय के प्रति न तो घृणा थी और न ही कोई अपमानजनक टिप्पणी। उन्होंने दावा किया कि उनका बयान केवल आगजनी करने वाले व्यक्ति के संदर्भ में था। रवि ने सवाल उठाया कि एफआइआर में यह स्पष्ट किया जाए कि उनके भाषण का कौन-सा हिस्सा किसी विशेष समुदाय के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि उनके भाषण में “धर्म” शब्द तक का उल्लेख नहीं है और शिकायत के आधार पर बिना तथ्यात्मक जांच के प्राथमिकी दर्ज करना उचित नहीं है।

भाजपा कार्यकर्ताओं ने उठाए सवाल

मौके पर मौजूद भाजपा कार्यकर्ताओं ने पुलिस से पूछा कि उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ भी शिकायत दी थी, लेकिन उस पर अब तक क्या कार्रवाई हुई। कार्यकर्ताओं ने कानून के समान अनुपालन की मांग करते हुए पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए।

पुलिस जब नोटिस देने पहुंची तो सी.टी. रवि ने उसे स्वीकार नहीं किया। इसके बाद नगर थाना निरीक्षक अभय प्रकाश वापस लौट गए। कुछ समय बाद पुलिस फिर आवास पहुंची और मुख्य द्वार पर नोटिस चस्पा कर दिया। हालांकि, भाजपा कार्यकर्ताओं ने कुछ ही सेकंड में नोटिस हटाते हुए राज्य सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। मामले को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है, जबकि पुलिस आगे की कानूनी प्रक्रिया में जुटी है।

 

Breaking News सबसे पहले पाना चाहते हैं?

अभी हमारे WhatsApp Channel को join करें

हर खबर सबसे पहले

Join करें : https://whatsapp.com/channel/0029Vb7S2RA65yD9fZX4Og1Z

Spread the love

By Bharat Ki Awaz

मैं भारत की आवाज़ हिंदी न्यूज़ पोर्टल से जुड़ा हुआ हूँ, जहाँ मेरा उद्देश्य पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और ताज़ा ख़बरें पहुँचाना है। राजनीति, समाज, संस्कृति और स्थानीय मुद्दों पर गहरी रुचि रखते हुए मैं हमेशा कोशिश करता हूँ कि समाचार केवल सूचना न हों, बल्कि पाठकों को सोचने और समझने का अवसर भी दें। मेरी लेखनी का मक़सद है—जनता की आवाज़ को मंच देना और देश-समाज से जुड़े हर पहलू को ईमानदारी से प्रस्तुत करना। भारत की आवाज़ के माध्यम से मैं चाहता हूँ कि पाठक न केवल ख़बरें पढ़ें, बल्कि उनसे जुड़ाव महसूस करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *