एच.के. पाटिल को मंत्री पद न मिलने पर बगावत, 22 पार्षदों का सामूहिक इस्तीफागदग में मंगलवार को गदग विधायक डॉ. एच.के. पाटिल को मंत्री पद नहीं दिए जाने के विरोध में सामूहिक इस्तीफा सौंपते हुए कांग्रेस पार्षद।

गदग में कांग्रेस कार्यकर्ताओं का उग्र प्रदर्शन, आलाकमान से निर्णय पर पुनर्विचार की मांग

गदग। कर्नाटक मंत्रिमंडल विस्तार में वरिष्ठ कांग्रेस नेता, पूर्व मंत्री एवं गदग विधायक डॉ. एच.के. पाटिल को मंत्री पद नहीं दिए जाने के विरोध में मंगलवार को गदग में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने इसे जिले के साथ अन्याय बताते हुए राज्य नेतृत्व के खिलाफ नाराजगी जताई।

22 पार्षदों का सामूहिक इस्तीफा

प्रदर्शन के दौरान सबसे बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम तब सामने आया, जब गदग नगर परिषद के 22 कांग्रेस पार्षदों ने सामूहिक रूप से अपने पदों से इस्तीफा दे दिया। पार्षदों ने जिला प्रशासन को अपना इस्तीफा सौंपते हुए मांग की कि डॉ. एच.के. पाटिल को मंत्रिमंडल में उचित स्थान दिया जाए। इस कदम को जिले की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम माना जा रहा है।

गदग की उपेक्षा स्वीकार नहीं

प्रदर्शनकारियों का कहना था कि डॉ. पाटिल ने लंबे समय तक कांग्रेस संगठन को मजबूत करने और प्रशासन में प्रभावी भूमिका निभाई है। ऐसे अनुभवी नेता को मंत्रिमंडल से बाहर रखना गदग जिले की जनता की भावनाओं की अनदेखी है। उन्होंने कांग्रेस आलाकमान से निर्णय पर पुनर्विचार कर डॉ. पाटिल को सम्मानजनक जिम्मेदारी देने की मांग की।

मंत्रिमंडल विस्तार के बाद विभिन्न जिलों में उभर रही नाराजगी के बीच गदग में हुआ यह विरोध प्रदर्शन और 22 पार्षदों का सामूहिक इस्तीफा राज्य की राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है। अब सभी की नजरें जिला प्रशासन द्वारा इस्तीफों पर होने वाली कार्रवाई और कांग्रेस नेतृत्व के अगले कदम पर टिकी हैं।

 

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By Bharat Ki Awaz

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