पीडि़ता को एक लाख रुपए मुआवजा
चिक्कमगलूरु की विशेष अदालत का फैसला
यौन उत्पीडऩ के आरोपी पर 45 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया
चिक्कमगलूरु। जिले के लिंगदहल्ली थाना क्षेत्र में दर्ज पॉक्सो मामले में विशेष अदालत ने नाबालिग बालिका से यौन उत्पीडऩ के दोषी को सात वर्ष के कठोर कारावास और 45 हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई है। साथ ही पीडि़ता को कर्नाटक पीडि़त मुआवजा योजना-2011 के तहत एक लाख रुपए का मुआवजा देने का आदेश भी दिया गया है।
यह फैसला अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय (एफटीएससी-1), चिक्कमगलूरु ने सुनाया। वर्ष 2025 में दर्ज इस मामले में धूपदखान गांव निवासी नागराज (34) के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 4 और 10 के तहत मामला दर्ज किया गया था। सुनवाई के दौरान आरोप सिद्ध होने पर न्यायालय ने 5 अगस्त 2026 को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।
पुलिस जांच और अभियोजन की सराहना
मामले की जांच तरिकेरे सर्किल के पुलिस निरीक्षक (सीपीआइ) गिरीश बी.वी. ने पूरी कर न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया था। सरकार की ओर से विशेष लोक अभियोजक बी. भरत कुमार ने प्रभावी पैरवी की। जांच में सहयोग के लिए सिद्धरामप्पा एस.सी. और उमेश ने न्यायालयीन प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
जिला पुलिस अधीक्षक ने मामले की सफल जांच और प्रभावी अभियोजन में योगदान देने वाले पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों की सराहना की।
Breaking News सबसे पहले पाना चाहते हैं?
अभी हमारे WhatsApp Channel को join करें
हर खबर सबसे पहले
Join करें : https://whatsapp.com/channel/0029Vb7S2RA65yD9fZX4Og1Z

