सूखे का जायजा लेने खेतों में पहुंचीं जिलाधिकारीसूखे का जायजा लेने खेतों में पहुंचीं जिलाधिकारी

वर्षा के अभाव से प्रभावित फसलों का निरीक्षण

रिपोर्ट सरकार को भेजी जाएगी, फसल बीमा कराने की अपील

मरियम्मनहल्ली (विजयनगर)। कमजोर मानसून के कारण विजयनगर जिले में बने सूखे जैसे हालात का जायजा लेने के लिए जिलाधिकारी कविता एस. मन्निकेरी ने मंगलवार को अधिकारियों के साथ एक दिवसीय दौरा किया। उन्होंने होसपेट तालुक के नंदीबंडी गांव पहुंचकर किसानों के खेतों का निरीक्षण किया और उनकी समस्याएं सुनीं।

जिलाधिकारी ने किसान नीलप्पा और ई. जंबण्णा के खेतों में वर्षा के अभाव में सूख रही ज्वार की फसल का निरीक्षण किया। किसान नीलप्पा ने बताया कि उन्होंने 1.80 एकड़ में करीब 25 हजार रुपए खर्च कर फसल बोई थी, लेकिन दो महीने से बारिश नहीं होने के कारण फसल लगभग बर्बाद हो गई है। उन्होंने तुंगभद्रा जलाशय का बैकवॉटर केवल दो किलोमीटर दूर होने के बावजूद तालाब नहीं भरने पर नाराजगी जताई।

पानी और चारे की भी मांग

किसानों यू. सोमप्पा और जंबप्पा ने बताया कि फसलों के साथ-साथ पशुओं के लिए पेयजल और चारे का भी गंभीर संकट पैदा हो गया है। उन्होंने सरकार से तत्काल राहत उपाय करने की मांग की।

निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी ने कहा कि जिले के सभी तालुकों में सूखे की स्थिति का आकलन किया जाएगा। अधिकारियों की रिपोर्ट के आधार पर विस्तृत प्रतिवेदन राज्य सरकार को भेजा जाएगा।

उन्होंने किसानों से 31 जुलाई तक फसल बीमा कराने की अपील करते हुए कहा कि अब तक 20 हजार किसान पंजीकरण करा चुके हैं, जबकि इस वर्ष 1.20 लाख किसानों का लक्ष्य रखा गया है।
जिलाधिकारी ने कहा कि फसल बीमा किसानों के लिए सुरक्षा कवच है और अधिक से अधिक किसानों को इसका लाभ उठाना चाहिए। दौरे के दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहम्मद अली अकरम शाह सहित कृषि एवं अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।

 

Breaking News सबसे पहले पाना चाहते हैं?

अभी हमारे WhatsApp Channel को join करें

हर खबर सबसे पहले

Join करें : https://whatsapp.com/channel/0029Vb7S2RA65yD9fZX4Og1Z

 

 

Spread the love

By Bharat Ki Awaz

मैं भारत की आवाज़ हिंदी न्यूज़ पोर्टल से जुड़ा हुआ हूँ, जहाँ मेरा उद्देश्य पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और ताज़ा ख़बरें पहुँचाना है। राजनीति, समाज, संस्कृति और स्थानीय मुद्दों पर गहरी रुचि रखते हुए मैं हमेशा कोशिश करता हूँ कि समाचार केवल सूचना न हों, बल्कि पाठकों को सोचने और समझने का अवसर भी दें। मेरी लेखनी का मक़सद है—जनता की आवाज़ को मंच देना और देश-समाज से जुड़े हर पहलू को ईमानदारी से प्रस्तुत करना। भारत की आवाज़ के माध्यम से मैं चाहता हूँ कि पाठक न केवल ख़बरें पढ़ें, बल्कि उनसे जुड़ाव महसूस करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *