अधिकारियों पर हमले से बढ़ी चिंता
तुंगा और मालती नदी का दोहन जारी
पर्यावरण और भूजल पर गंभीर खतरा
तीर्थहल्ली (शिवमोग्गा). तीर्थहल्ली तालुक में तुंगा नदी और मालती नदी के तटों पर अवैध रेत खनन लगातार बढ़ता जा रहा है। हालात इतने गंभीर हो चुके हैं कि इसे रोकने की कोशिश करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों पर भी हमले की घटनाएं सामने आ रही हैं।
रात के अंधेरे में चलता है कारोबार
स्थानीय लोगों का आरोप है कि आधी रात से सुबह तक बड़े पैमाने पर रेत की अवैध निकासी की जाती है। पिकअप, ट्रैक्टर और डम्पर वाहनों के जरिए रेत को बाहर जिलों तक पहुंचाया जा रहा है। इसके बावजूद खनन, पुलिस, वन और राजस्व विभाग की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है।
अधिकारी पर हमले की कोशिश
हाल ही में होन्नेतालु ग्राम पंचायत क्षेत्र में अवैध खनन रोकने गए अधिकारी बीटी रामप्पा, और कर्मचारी पर खनन माफियाओं ने हमला करने की कोशिश की। उन्हें गाली-गलौज के साथ जान से मारने की धमकी भी दी गई। इस संबंध में आगुम्बे पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया है।
सरकार को राजस्व का नुकसान
2024-25 के लिए चिन्हित रेत खदानों की नीलामी प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, लेकिन अभी तक उनका संचालन शुरू नहीं हुआ है। इस देरी का फायदा उठाकर अवैध खनन को बढ़ावा मिल रहा है, जिससे सरकार को भारी राजस्व नुकसान हो रहा है।
पर्यावरण पर गंभीर असर
अवैध खनन के कारण नदी का प्राकृतिक प्रवाह बदल रहा है और कई क्षेत्रों में रेत पूरी तरह समाप्त हो चुकी है। विशेषज्ञों के अनुसार, रेत भूजल स्तर बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इसके खत्म होने से भूजल स्तर गिर रहा है और ग्रामीण इलाकों में पेयजल संकट गहराता जा रहा है।
यह क्षेत्र पश्चिमी घाट पारिस्थितिकी विशेषज्ञ पैनल द्वारा चिन्हित संवेदनशील पारिस्थितिकी क्षेत्र का हिस्सा भी है, जिससे पर्यावरणीय खतरा और बढ़ गया है।
बिजली बंद कर चलाया जा रहा खेल
आरोप है कि राष्ट्रीय राजमार्ग-169ए पर स्थित पुल और सडक़ों की स्ट्रीट लाइट्स को जानबूझकर बंद किया जाता है, ताकि अंधेरे में अवैध खनन और परिवहन आसानी से हो सके।
जनाक्रोश और सख्त कार्रवाई की मांग
स्थानीय संगठनों का कहना है कि जहां गरीबों को घर बनाने के लिए थोड़ी रेत के लिए नियमों में उलझाया जाता है, वहीं बड़े पैमाने पर हो रहे अवैध खनन पर प्रशासन की चुप्पी सवाल खड़े करती है।
अवैध खनन रोकने टास्क फोर्स का गठन
तहसीलदार रणजीत एस ने बताया कि मांग और आपूर्ति को लेकर अधिकारियों की बैठक बुलाई गई है। अवैध खनन रोकने के लिए पंचायत स्तर पर टास्क फोर्स बनाने की तैयारी की जा रही है।
Breaking News सबसे पहले पाना चाहते हैं?
अभी हमारे WhatsApp Channel को join करें
हर खबर सबसे पहले
Join करें : https://whatsapp.com/channel/0029Vb7S2RA65yD9fZX4Og1Z

