बारिश की कमी से सूख रही नदियां, पेयजल संकट गहरायाबागलकोट जिले के बीलगी तालुक के रोल्ली के पास कृष्णा नदी का तट सूखने से जमीन में पड़ी चौड़ी दरारें।

बेलगावी और बागलकोट में 16 बहुग्राम जल योजनाएं बंद

सैकड़ों गांवों पर जल संकट का खतरा

बेलगावी/बागलकोट. मानसून की कमजोर बारिश के कारण बेलगावी और बागलकोट जिलों में नदियों का जलस्तर तेजी से घट रहा है, जिससे बहुग्राम पेयजल योजनाएं प्रभावित हो गई हैं। कई योजनाएं बंद होने से दर्जनों गांवों में पेयजल संकट गहराने लगा है और प्रशासन वैकल्पिक जल स्रोतों की व्यवस्था में जुटा है।

बेलगावी जिले में संचालित 62 बहुग्राम पेयजल योजनाओं में से 11 बंद हो चुकी हैं, जबकि बागलकोट जिले की 39 योजनाओं में से पांच ठप हो गई हैं। अधिकारियों के अनुसार, नदियों में जलस्तर जैकवेल से नीचे पहुंच जाने के कारण पानी उठाना संभव नहीं रह गया है।

दर्जनों गांव प्रभावित

बेलगावी उपखंड में मलप्रभा नदी का जलस्तर घटने से हिरेबागेवाड़ी और बडस की योजनाएं बंद हो गई हैं, जिससे छह गांव प्रभावित हुए हैं। वहीं चिक्कोडी उपखंड में वेदगंगा, घटप्रभा और दूधगंगा नदियों में पानी कम होने से नौ योजनाएं ठप पड़ गई हैं और 41 गांवों में पेयजल संकट उत्पन्न हो गया है।

बागलकोट जिले में कृष्णा, मलप्रभा और घटप्रभा नदियों का जलस्तर लगातार गिर रहा है। इससे पांच बहुग्राम योजनाएं बंद हो गई हैं और 30 से अधिक गांवों में नदी आधारित पेयजल आपूर्ति बाधित हो गई है। कई अन्य गांव भी संकट की आशंका वाले क्षेत्रों में शामिल हैं।

वैकल्पिक व्यवस्था शुरू

ग्रामीण पेयजल एवं स्वच्छता विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में निजी बोरवेल चिह्नित कर उनसे पानी उपलब्ध कराने की तैयारी की है। बेलगावी में 189 निजी बोरवेलों की पहचान की गई है, जबकि बागलकोट में 350 निजी बोरवेलों को चिह्नित किया गया है। चिक्कोडी उपखंड में प्रतिदिन 35 से अधिक टैंकरों के माध्यम से पेयजल पहुंचाया जा रहा है।

अधिकारियों का कहना है कि यदि शीघ्र पर्याप्त बारिश नहीं हुई तो दोनों जिलों के अनेक और गांव गंभीर पेयजल संकट की चपेट में आ सकते हैं।

 

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By Bharat Ki Awaz

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